रायपुर, 11 जून 2026
छत्तीसगढ़ भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण (CGRERA) ने रियल एस्टेट क्षेत्र में पारदर्शिता और उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बड़ी कार्रवाई की है। प्राधिकरण ने “गोदरेज प्रॉपर्टीज रेसिडेंशियल प्लॉट्स” परियोजना के प्रमोटर पर 10 लाख रुपये का आर्थिक दंड लगाया है। इसके साथ ही परियोजना को रेरा पंजीयन प्राप्त होने तक किसी भी प्रकार के क्रय-विक्रय, बुकिंग और बिक्री गतिविधियों पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
बिना पंजीयन किया जा रहा था प्रचार-प्रसार
जांच के दौरान CGRERA ने पाया कि संबंधित प्रमोटर ने भू-संपदा (विनियमन एवं विकास) अधिनियम, 2016 की धारा 3(1) का उल्लंघन करते हुए परियोजना का रेरा पंजीयन कराए बिना सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से प्लॉटों की कीमतों एवं परियोजना संबंधी जानकारी का विज्ञापन और प्रचार-प्रसार किया।
प्राधिकरण के अनुसार, किसी भी रियल एस्टेट परियोजना का रेरा पंजीयन कराए बिना उसका विज्ञापन, विपणन या विक्रय करना कानूनन प्रतिबंधित है। मामले को गंभीर मानते हुए धारा 59 के तहत प्रमोटर पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
पंजीयन मिलने तक बिक्री और बुकिंग पर रोक
CGRERA ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि परियोजना को रेरा पंजीयन प्राप्त होने तक किसी भी प्रकार की बुकिंग, क्रय-विक्रय या बिक्री संबंधी गतिविधियां संचालित नहीं की जाएंगी। प्राधिकरण ने चेतावनी दी है कि बिना रेरा पंजीयन परियोजनाओं का विज्ञापन या विक्रय करने वाले प्रमोटरों के खिलाफ भविष्य में भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निवेश से पहले रेरा पंजीयन की जांच करें
प्राधिकरण ने आम नागरिकों और संभावित गृह खरीदारों से अपील की है कि किसी भी रियल एस्टेट परियोजना में निवेश करने से पहले उसकी रेरा पंजीयन स्थिति की जांच अवश्य करें। केवल पंजीकृत परियोजनाओं में निवेश कर उपभोक्ता वित्तीय और कानूनी जोखिमों से बच सकते हैं।


