मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘जशपुर एक्सप्रेस’ योजना का किया शुभारंभ, 50 बहनों को सौंपे ई-रिक्शा
रक्षाबंधन के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘जशपुर एक्सप्रेस’ योजना का शुभारंभ करते हुए 50 महिलाओं को ई-रिक्शा सौंपे। उन्होंने कहा कि ई-रिक्शा महिलाओं के लिए नियमित आय, सम्मानजनक स्वरोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता का माध्यम बनेगा। मुख्यमंत्री ने बगिया में करीब 3 करोड़ रुपए की लागत से बनने
विशेष लेख: विष्णु देव साय सरकार में महिला सशक्तिकरण को नई उड़ान, महतारी वंदन से ड्रोन दीदी तक आत्मनिर्भरता की राह
छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण को नई दिशा देने के लिए विष्णु देव साय सरकार आर्थिक सहायता के साथ महिलाओं को रोजगार, तकनीक, उद्यमिता और आत्मनिर्भरता से जोड़ रही है। महतारी वंदन योजना, लखपति दीदी, ड्रोन दीदी, ई-रिक्शा दीदी और महतारी सदन जैसी पहलें महिलाओं को सहायता से स्वावलंबन की ओर
महिलाओं का सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण ही समृद्ध छत्तीसगढ़ की आधारशिला : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जशपुर जिले के पंडरीपानी में रक्षाबंधन एवं बहनों से संवाद कार्यक्रम में महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण को समृद्ध छत्तीसगढ़ की आधारशिला बताया। उन्होंने फरसाबहार और भेलवा में महतारी सदन, दानी मोड़ा बस्ती सड़क के लिए ₹3.23 करोड़ और महिला स्व-सहायता समूहों के लिए
रक्षाबंधन पर महतारी वंदन की सौगात: 30वीं किस्त से बढ़ीं बहनों की खुशियां, आत्मनिर्भरता को भी मिली नई मजबूती
रक्षाबंधन से पहले महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त महिलाओं के खातों में पहुंचने से छत्तीसगढ़ की बहनों की खुशियां बढ़ गईं। योजना की राशि से महिलाएं राखी, मिठाई और उपहार खरीदने के साथ बच्चों के भविष्य के लिए बचत भी कर रही हैं, वहीं महिला स्व-सहायता समूहों ने स्थानीय
विशेष लेख: विष्णु भैया के नेतृत्व में आत्मनिर्भर नारी, समृद्ध छत्तीसगढ़ : महिला सशक्तिकरण का नया अध्याय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण को नई दिशा मिल रही है। महतारी वंदन योजना, लखपति दीदी, महतारी सदन, रानी दुर्गावती योजना और स्वरोजगार से जुड़ी पहलों के जरिए महिलाएं आत्मनिर्भर बनकर समृद्ध छत्तीसगढ़ के निर्माण में अहम भूमिका निभा रही हैं।
महुआ से बदली महिलाओं की तकदीर: वन धन योजना से मिली आत्मनिर्भरता और नई पहचान
वन धन विकास केंद्र योजना के माध्यम से छत्तीसगढ़ की आदिवासी और ग्रामीण महिलाएं महुआ से मूल्यवर्धित उत्पाद तैयार कर आत्मनिर्भर बन रही हैं। प्रशिक्षण, आधुनिक प्रसंस्करण और बेहतर बाजार उपलब्ध होने से उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
भोरमदेव में संभागीय सरस मेला शुरू, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा बोले- ग्रामीण उद्यमिता को मिलेगी नई पहचान
कबीरधाम के भोरमदेव मंदिर परिसर में पांच दिवसीय संभागीय सरस मेले का शुभारंभ हुआ। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि यह मेला ग्रामीण महिलाओं के स्वरोजगार, महिला सशक्तिकरण और स्थानीय उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
केरसई का महतारी सदन बना महिला सशक्तिकरण का केंद्र, स्व-सहायता समूहों को मिला स्थायी मंच
जशपुर जिले के केरसई में निर्मित महतारी सदन महिला स्व-सहायता समूहों के लिए नियमित बैठकों, आजीविका गतिविधियों और सामाजिक कार्यक्रमों का स्थायी केंद्र बनकर उभरा है।
द्वीप्ति योजना: छत्तीसगढ़ की ग्रामीण महिलाएं बनेंगी ‘सोलर दीदी’, 5 हजार ऊर्जा उद्यम और 50 हजार हरित रोजगार का लक्ष्य
छत्तीसगढ़ की द्वीप्ति (DWEEPTI) योजना के तहत ग्रामीण महिलाओं को सौर ऊर्जा क्षेत्र में उद्यमी, तकनीशियन और विक्रेता बनाया जा रहा है। राज्य ने महिला नेतृत्व वाली विकेंद्रीकृत अक्षय ऊर्जा नीति अपनाकर अगले पांच वर्षों में 5,000 ऊर्जा उद्यम, 50,000 हरित रोजगार और 5 लाख परिवारों तक स्वच्छ ऊर्जा पहुंचाने
नारायणपुर में रेशम क्रांति, कोसापालन से ग्रामीणों की आय बढ़ी, महिलाओं को मिला रोजगार
नारायणपुर में मलबरी और टसर रेशम योजनाओं ने ग्रामीणों की आजीविका को नई दिशा दी है। कोसापालन से महिलाओं और युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिला है, जबकि उत्पादन और आय दोनों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।



