अंबिकापुर, 19 अक्टूबर 2026
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से पुलिस विभाग को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक सहायक उपनिरीक्षक (ASI) और आरक्षक कथित तौर पर शराब के नशे में धुत हालत में पड़े मिले। सबसे गंभीर बात यह रही कि दोनों के पास मौजूद इंसास राइफल लावारिस हालत में पड़ी हुई थी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला चर्चा में आ गया है।
कैदी को जेल छोड़ने आए थे दोनों पुलिसकर्मी
मिली जानकारी के मुताबिक, दोनों पुलिसकर्मी दुर्ग जिले में पदस्थ हैं और दुर्ग से एक कैदी को अंबिकापुर जेल में शिफ्ट करने आए थे। इसी दौरान दोनों को प्रतीक्षा बस स्टैंड के पास कथित तौर पर नशे की हालत में पड़ा हुआ देखा गया।
मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ गई, क्योंकि पुलिसकर्मियों के पास मौजूद इंसास राइफल सुरक्षित तरीके से रखी हुई नहीं थी। सार्वजनिक स्थान पर हथियार का इस तरह लावारिस हालत में पड़ा होना सुरक्षा व्यवस्था और जिम्मेदारी को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है।
स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस
स्थानीय लोगों ने जब दोनों पुलिसकर्मियों को इस हालत में देखा, तो उन्होंने तत्काल इसकी सूचना बस स्टैंड चौकी पुलिस को दी। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और वहां पड़ी इंसास राइफल को अपने कब्जे में ले लिया।
घटना की जानकारी सामने आने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने मामले को संज्ञान में लिया है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में दोनों पुलिसकर्मियों के खिलाफ की गई विभागीय कार्रवाई या जांच के अंतिम निष्कर्ष की पुष्टि नहीं हुई है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दोनों पुलिसकर्मी कथित तौर पर नशे की हालत में पड़े दिखाई दे रहे हैं। वहीं, उनके पास इंसास राइफल भी लावारिस हालत में नजर आ रही है।
वीडियो सामने आने के बाद पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी, ड्यूटी के दौरान अनुशासन और सरकारी हथियारों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। मामले में वरिष्ठ अधिकारियों की जांच और आगे की कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
ड्यूटी के दौरान लापरवाही पर उठे सवाल
पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखना ही नहीं, बल्कि ड्यूटी के दौरान अनुशासन और सरकारी हथियारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी है। ऐसे में यदि ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी नशे की हालत में पाए जाते हैं और हथियार असुरक्षित स्थिति में मिलता है, तो यह गंभीर लापरवाही का विषय है।
फिलहाल, मामले में वरिष्ठ अधिकारियों के संज्ञान लेने की जानकारी सामने आई है। जांच और विभागीय कार्रवाई से ही घटना की पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।



