रायपुर,28 अक्टूबर 2026
छत्तीसगढ़ के शासकीय कर्मचारियों और उनके आश्रित परिवारजनों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को राज्य मंत्रिपरिषद की मंजूरी मिलने पर मंत्रालय कर्मचारी संघ ने प्रसन्नता व्यक्त की है। संघ ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के प्रति आभार जताया है।
कर्मचारियों की लंबे समय से थी मांग
मंत्रालय कर्मचारी संघ के अनुसार, शासकीय कर्मचारियों और उनके परिवारों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना संघ की प्रमुख मांगों में शामिल रहा है। नवीन संघ के गठन के बाद से ही इस विषय को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे थे।
संघ के पदाधिकारियों ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव से चर्चा कर इस मांग को आगे बढ़ाया। इसके लिए लगातार पहल और फॉलोअप भी किया जा रहा था। अब राज्य मंत्रिपरिषद से मंजूरी मिलने के बाद संघ ने उम्मीद जताई है कि कैशलेस चिकित्सा सुविधा के क्रियान्वयन की प्रक्रिया जल्द आगे बढ़ेगी और कर्मचारियों को उपचार के दौरान आर्थिक राहत मिलेगी।
बीमारी और आपातकालीन उपचार में मिलेगी राहत
संघ के अध्यक्ष चन्द्रकान्त पाण्डेय ने कहा कि शासकीय कर्मचारियों और उनके आश्रित परिवारजनों के लिए कैशलेस चिकित्सा सुविधा की मंजूरी एक महत्वपूर्ण निर्णय है। इससे बीमारी और आपातकालीन उपचार के समय कर्मचारियों को आर्थिक कठिनाइयों से राहत मिलने की उम्मीद है।
उन्होंने इस विषय पर सकारात्मक पहल करने के लिए राज्य सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया। संघ का मानना है कि इस सुविधा के लागू होने से कर्मचारियों और उनके परिवारों को इलाज के खर्च की व्यवस्था करने में राहत मिल सकती है।
मंत्रालय कर्मचारी संघ ने जताया आभार
इस अवसर पर मंत्रालय कर्मचारी संघ के अध्यक्ष चन्द्रकान्त पाण्डेय, उपाध्यक्ष अजीष मिरे, संरक्षक कीर्तिवर्धन उपाध्याय, सचिव उमेश सिंह, संयुक्त सचिव महेश बड़ा, कोषाध्यक्ष छवि साहू एवं सदस्य कुंदन साहू ने मुख्यमंत्री, वित्त मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया।
अब क्रियान्वयन की प्रक्रिया पर रहेगी नजर
राज्य मंत्रिपरिषद की मंजूरी के बाद अब इस सुविधा के क्रियान्वयन से जुड़ी प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। कर्मचारियों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा का वास्तविक लाभ कब और किस व्यवस्था के तहत मिलेगा, यह आगे जारी होने वाले दिशा-निर्देशों पर निर्भर करेगा।
मंत्रालय कर्मचारी संघ ने उम्मीद जताई है कि सरकार की इस पहल से शासकीय कर्मचारियों और उनके आश्रित परिवारों को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी और इलाज के दौरान आर्थिक बोझ कम करने में मदद मिलेगी।



