बस्तर,8 नवम्बर 2026
दीपावली के पावन अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छत्तीसगढ़ के बस्तर पहुंचे, जहां उन्होंने करनपुर स्थित CRPF कैंप में देश के वीर जवानों के साथ दिवाली मनाई। प्रधानमंत्री के आगमन से जवानों में खासा उत्साह देखने को मिला। इस दौरान उन्होंने सुरक्षाबलों के जवानों को संबोधित करते हुए कहा कि आप सभी मेरे परिवार के सदस्य हैं। उन्होंने कहा कि देश की सीमाओं और भीतर सुरक्षा में तैनात जवान राष्ट्र के रक्षक और भारत माता के वीर पुत्र-पुत्रियां हैं।
नक्सलवाद से मुक्ति के बाद पहली दिवाली
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि साल 2026 की दिवाली बेहद विशेष है। यह पहली दिवाली है, जब देश ने नक्सलवाद और माओवादी आतंक के खिलाफ दशकों पुरानी लड़ाई में जीत हासिल की है। उन्होंने कहा कि आज देश का हर जिला नक्सलवाद से मुक्त है और करोड़ों देशवासी नक्सलवाद के भय से बाहर आ चुके हैं।
उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि देश की सही नीतियों और दृढ़ इच्छाशक्ति का परिणाम है। सरकार ने सेवा भाव से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में लोगों के जीवन में बदलाव लाने का प्रयास किया है। इसी वजह से नक्सलवाद से पीड़ित लोग भी सरकार और सुरक्षाबलों के साथ मजबूती से खड़े हुए हैं।
47 साल बाद CRPF के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि का जिक्र करते हुए कहा कि 47 साल बाद पहली बार ऐसा हुआ है, जब पिछले एक वर्ष में CRPF के किसी भी जवान की ड्यूटी के दौरान जान नहीं गई। उन्होंने इसे देश की प्रभावी नीतियों और सुरक्षा बलों के समर्पण की जीत बताया।
उन्होंने कहा कि आज एक ओर देश के 50 करोड़ लोग भीषण गरीबी से बाहर आए हैं, वहीं दूसरी ओर नक्सली हिंसा का भी अंत हुआ है। यह देश के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
सोशल मीडिया पर साझा की थी जवानों संग दिवाली मनाने की जानकारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार सुबह सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से बस्तर में जवानों के साथ दिवाली मनाने की जानकारी साझा की थी। उनके दौरे को लेकर क्षेत्र में खासा उत्साह देखने को मिला। प्रधानमंत्री की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बस्तर में व्यापक इंतजाम किए गए थे।
देशवासियों को दी दीपावली की शुभकामनाएं
प्रधानमंत्री मोदी ने दीपावली के अवसर पर देशवासियों को भी शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा कि देशभर के अपने परिवारजनों को दीपावली की असीम शुभकामनाएं।
इससे पहले 7 नवंबर को उन्होंने लगभग 50 सेकंड का वीडियो जारी कर दीपावली को अंधेरे के खिलाफ संकल्प का प्रतीक बताया था। उन्होंने कामना की थी कि दीपोत्सव का पर्व सभी नागरिकों के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लेकर आए।
2014 से जवानों के साथ दिवाली मनाते आ रहे हैं PM मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्ष 2014 से लगातार जवानों के साथ दिवाली मनाने की परंपरा निभा रहे हैं। इसकी शुरुआत उन्होंने सियाचिन बेस कैंप से की थी। इसके बाद हर साल उन्होंने देश के अलग-अलग सैन्य और सीमावर्ती क्षेत्रों में जवानों के बीच पहुंचकर दीपावली मनाई।
- 2014: सियाचिन बेस कैंप
- 2015: पंजाब के अमृतसर सेक्टर के पास
- 2016: हिमाचल प्रदेश में चीन सीमा के पास सुमदोह
- 2017: जम्मू-कश्मीर का गुरेज सेक्टर
- 2018: उत्तराखंड का हर्षिल
- 2019: नियंत्रण रेखा (LoC) पर राजौरी
- 2020: राजस्थान का जैसलमेर स्थित लोंगेवाला
- 2021: जम्मू-कश्मीर का नौशेरा
- 2022: कारगिल
- 2023: हिमाचल प्रदेश का लेप्चा
- 2024: गुजरात के कच्छ स्थित सिर क्रीक
- 2025: गोवा-कारवार तट पर INS विक्रांत
- 2026: छत्तीसगढ़ का बस्तर



