बलौदाबाजार,13 सितम्बर 2026
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में स्कूल परिसर में लोहे का गेट गिरने से एक मासूम बच्चे की मौत हो गई। दर्दनाक हादसे के बाद स्कूल प्रबंधन और जिम्मेदार विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। परिजनों ने गेट के रखरखाव और मरम्मत में लापरवाही का आरोप लगाया है।
गेट की चपेट में आया बच्चा
हादसा उस समय हुआ जब बच्चा स्कूल परिसर में मौजूद था। अचानक लोहे का गेट गिर गया और बच्चा उसकी चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे तत्काल अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन बच्चे की जान नहीं बचाई जा सकी।
परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश
बच्चे की मौत की खबर मिलते ही परिवार और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। परिजनों का कहना है कि यदि समय रहते गेट की मरम्मत करा दी जाती और उसकी स्थिति की जांच की जाती, तो यह हादसा टाला जा सकता था।
स्थानीय लोगों ने स्कूल प्रबंधन और संबंधित विभाग से मामले की जांच कराने तथा लापरवाही के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अभिभावकों ने स्कूल भवन, गेट, दीवार और अन्य संरचनाओं की नियमित जांच और समय-समय पर मरम्मत कराने की मांग की है।
घटना की सूचना के बाद प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने मामले की जांच कराने और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही है।
फिलहाल मामले की जांच जारी है। अब देखना होगा कि हादसे के लिए जिम्मेदारी किसकी तय होती है और लापरवाही सामने आने पर प्रशासन की ओर से क्या कार्रवाई की जाती है।



