‘मोर गांव-मोर पानी’ महाअभियान बना जनआंदोलन, बालोद में 2.85 लाख जल संरक्षण संरचनाएं तैयार; 19.23 लाख घनमीटर बढ़ी जल संचयन क्षमता
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संचालित 'मोर गांव-मोर पानी' महाअभियान के तहत बालोद जिले में 2.85 लाख जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण हुआ है। इससे 19.23 लाख घनमीटर अतिरिक्त जल संचयन क्षमता विकसित होने के साथ भू-जल संवर्धन और ग्रामीण विकास को नई गति मिली है।
कबीरधाम से वीबी-जी राम जी योजना का राज्य स्तरीय शुभारंभ, ग्रामीण परिवारों को मिलेगा 125 दिनों का रोजगार
कबीरधाम के गंडईखुर्द से वीबी-जी राम जी योजना का राज्य स्तरीय शुभारंभ हुआ। योजना के तहत ग्रामीण परिवारों को 125 दिनों का रोजगार, 300 रुपये प्रतिदिन मजदूरी और 318 प्रकार के विकास कार्यों का लाभ मिलेगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की घोषणाओं पर त्वरित अमल, ग्रामीणों की मांगों को मिली मंजूरी
सुशासन तिहार के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा सरगुजा जिले के ग्राम सिलमा और कुनकुरीकला में की गई विकास कार्यों की घोषणाओं को प्रशासन ने त्वरित स्वीकृति दे दी है। पंचायत भवन, पीडीएस भवन और मुक्तिधाम निर्माण के लिए लाखों रुपये मंजूर किए गए हैं।
कचरे से कमाई का मॉडल: दुर्ग के कोलिहापुरी गांव ने बनाई ग्रामीण विकास की नई मिसाल
दुर्ग जिले के कोलिहापुरी गांव में स्थापित मटेरियल रिकवरी सेंटर (एमआरसी) प्लास्टिक कचरे को आय और रोजगार के साधन में बदल रहा है। यह मॉडल पर्यावरण संरक्षण के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती दे रहा है।
सुशासन तिहार से मिली रोजगार की नई राह: ओम प्रकाश पैकरा को मिला जॉब कार्ड, अब गांव में ही मिलेगा काम
सरगुजा जिले के बलसेड़ी गांव निवासी ओम प्रकाश पैकरा को सुशासन तिहार के तहत मनरेगा जॉब कार्ड मिला है। इससे उन्हें रोजगार के लिए पलायन नहीं करना पड़ेगा और गांव में ही काम मिलने से परिवार के साथ रहकर आजीविका चला सकेंगे।



