काठमांडू/रसुवा, 26 अगस्त 2026
नेपाल में आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। तिब्बत सीमा से लगे मध्य नेपाल के इलाकों में अचानक आई विनाशकारी बाढ़ के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 95 हो गई है। नेपाल के अलग-अलग जिलों से अब तक 16 शव बरामद किए जाने की जानकारी सामने आई है।
रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी में अचानक आए विनाशकारी सैलाब ने शहरों और गांवों में व्यापक नुकसान पहुंचाया है। बाढ़ के तेज बहाव में कई पुल बह गए, जबकि कम से कम एक दर्जन से अधिक जलविद्युत परियोजनाएं क्षतिग्रस्त होने की खबर है।
105 भारतीय नागरिकों समेत बड़ी संख्या में लोग लापता
बाढ़ के बाद 105 भारतीय नागरिकों समेत 1,000 से अधिक लोगों के लापता होने की खबर सामने आई है। वहीं, नेपाल पर्यटन बोर्ड की ओर से जारी नई जानकारी के अनुसार, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में 403 लोगों के लापता होने का आंकड़ा दर्ज किया गया है।
लापता लोगों की तलाश के लिए सुरक्षा बलों और बचाव एजेंसियों द्वारा प्रभावित इलाकों में अभियान चलाया जा रहा है। नेपाली सेना, आर्म्ड पुलिस फोर्स और पुलिस को राहत एवं बचाव कार्य में लगाया गया है।
भारत ने बढ़ाया मदद का हाथ
बाढ़ की त्रासदी से जूझ रहे नेपाल की मदद के लिए भारत सरकार ने हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेपाल के प्रधानमंत्री से फोन पर बातचीत कर फ्लैश फ्लड से हुई तबाही पर दुख जताया और इस मुश्किल घड़ी में नेपाल के साथ खड़े रहने की बात कही।
भारत सरकार नेपाल में प्रभावित भारतीय नागरिकों की स्थिति पर भी नजर बनाए हुए है।
भारतीय नागरिकों के लिए इमरजेंसी हेल्पलाइन जारी
नेपाल स्थित भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों से संबंधित जानकारी और आपातकालीन सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। प्रभावित क्षेत्रों में फंसे भारतीय नागरिकों और उनके परिजनों के लिए ये हेल्पलाइन उपलब्ध कराई गई हैं—
- +9779851316807
- +9779709107500
बचाव कार्य में लगाए गए सेना के हेलीकॉप्टर
बचाव और आपातकालीन कार्रवाई में मदद के लिए नेपाल सेना के दो हेलीकॉप्टर रसुवा जिले में भेजे गए हैं। प्रभावित इलाकों में राहत सामग्री पहुंचाने और लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने का काम जारी है।
नेपाल के गृह मंत्रालय की ओर से लोगों और यात्रियों से प्रभावित हाईवे और नदी मार्गों पर अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की गई है।
बिहार और उत्तर प्रदेश में भी अलर्ट
नेपाल में बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए भारत के सीमावर्ती राज्यों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। रिपोर्ट के अनुसार, बिहार के 6 जिलों और उत्तर प्रदेश के 2 जिलों में अलर्ट जारी किया गया है।
प्रशासन सीमावर्ती नदियों के जलस्तर और संभावित बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। आपदा प्रबंधन एजेंसियों को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं।
नेपाल में जारी इस भीषण प्राकृतिक आपदा के बीच राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है। प्रशासन का मुख्य फोकस फिलहाल लापता लोगों की तलाश, प्रभावित नागरिकों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने और बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन करने पर है।



