रायपुर, 2 नवंबर 2026
छत्तीसगढ़ की खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के उद्देश्य से आयोजित छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का राजधानी रायपुर में भव्य समापन हुआ। सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में आयोजित समापन एवं पुरस्कार वितरण समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया शामिल हुए। इस अवसर पर विजेता और उपविजेता टीमों सहित उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया।
केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की सराहना करते हुए इसे पूरे देश के लिए रोल मॉडल बताया। उन्होंने कहा कि हॉकी देश का गौरव है और इस तरह के आयोजनों से खेलों का विकास होने के साथ प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर मिलता है।
वहीं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने का सशक्त माध्यम बनेगी। इस आयोजन ने प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और अनुभवी खिलाड़ियों से सीखने का बड़ा मंच दिया है।
बस्तर से सरगुजा तक के खिलाड़ियों को मिला बड़ा मंच
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। प्रदेश के गांवों, जनजातीय अंचलों और दूरस्थ क्षेत्रों में अनेक प्रतिभाशाली खिलाड़ी मौजूद हैं। जरूरत उन्हें उचित अवसर, आधुनिक प्रशिक्षण और बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने की है।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों को खेल के माध्यम से एक सूत्र में जोड़ने का काम किया है। प्रतियोगिता में छह टीमों राजधानी रॉयल्स, न्यायधानी नाइट्स, संस्कारधानी स्ट्राइकर्स, चक्रधर चैंपियंस, बैलाडीला बुल्स और मैनपाट टाइटंस ने हिस्सा लिया।
इन टीमों के माध्यम से बस्तर से सरगुजा और रायगढ़ से राजनांदगांव तक के खिलाड़ियों को एक-दूसरे के साथ खेलने, अनुभव साझा करने और अपनी खेल क्षमता निखारने का अवसर मिला।
हर टीम में शामिल रहा एक ओलंपिक खिलाड़ी
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की सबसे खास विशेषता यह रही कि प्रत्येक टीम में एक-एक ओलंपिक खिलाड़ी को शामिल किया गया। इससे प्रदेश के युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेल चुके अनुभवी खिलाड़ियों के साथ मैदान साझा करने और हॉकी की बारीकियां सीखने का अवसर मिला।
उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन खिलाड़ियों का आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ उन्हें भविष्य की बड़ी प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करते हैं।
‘चलव रे संगी, हॉकी खेलबो’ बना युवाओं के लिए प्रेरक संदेश
छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का संदेश ‘चलव रे संगी, हॉकी खेलबो’ प्रदेश के युवाओं को खेल के मैदान से जोड़ने का प्रेरक मंत्र बनकर सामने आया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रतियोगिता के मुकाबलों का प्रसारण जियोहॉटस्टार पर किया गया, जिससे छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों की प्रतिभा देशभर के दर्शकों तक पहुंची। हिंदी के साथ छत्तीसगढ़ी भाषा में कमेंट्री की व्यवस्था ने आयोजन को स्थानीय संस्कृति से भी जोड़ा।
मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन से गांवों की प्रतिभाओं को मिलेगा अवसर
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं की पहचान, प्रोत्साहन और बेहतर प्रशिक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। इसी उद्देश्य से मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन की शुरुआत की गई है।
इस मिशन के माध्यम से गांवों और दूरस्थ क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें प्रशिक्षण केंद्रों से जोड़ा जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि संसाधनों की कमी के कारण किसी भी प्रतिभाशाली खिलाड़ी का सपना अधूरा न रहे।
उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में छत्तीसगढ़ हॉकी लीग से ऐसे खिलाड़ी सामने आएंगे, जो भारतीय हॉकी टीम की जर्सी पहनकर अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में देश के लिए पदक जीतेंगे।
छत्तीसगढ़ हॉकी लीग पूरे देश के लिए रोल मॉडल : डॉ. मनसुख मांडविया
केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने कहा कि छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का आयोजन पूरे देश के लिए एक रोल मॉडल है। यदि सरकार में दृढ़ इच्छाशक्ति हो तो इस तरह के सफल आयोजन संभव हैं। ऐसे आयोजनों से खेलों के विकास के साथ अच्छे खिलाड़ियों का निर्माण भी होता है।
उन्होंने कहा कि हॉकी भारत का गौरव है और यह देश की समृद्ध खेल परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद ने अपने अद्भुत खेल कौशल से पूरी दुनिया में भारत का गौरव बढ़ाया। उनकी उपलब्धियां आज भी युवा खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करती हैं।
डॉ. मांडविया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेलों के प्रति नया वातावरण तैयार हुआ है। खेलो इंडिया और फिट इंडिया जैसे अभियानों ने युवाओं में खेलों के प्रति रुचि और जागरूकता बढ़ाई है।
आज युवा खेलों को केवल मनोरंजन या शारीरिक दक्षता का माध्यम नहीं, बल्कि अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और उज्ज्वल भविष्य बनाने के महत्वपूर्ण अवसर के रूप में देख रहे हैं।
राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर नई पहचान बनाएगा छत्तीसगढ़
केंद्रीय मंत्री ने विश्वास जताया कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का स्वरूप और अधिक व्यापक एवं प्रतिस्पर्धात्मक होगा। यह लीग प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर के खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का सशक्त मंच प्रदान करेगी।
उन्होंने कहा कि इस पहल से राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर छत्तीसगढ़ की नई पहचान स्थापित होगी।
समापन समारोह में उपमुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा, कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, सांसद बृजमोहन अग्रवाल तथा छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के एंबेसडर सरदार सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि और खेल जगत से जुड़े लोग उपस्थित रहे।
छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का सफल आयोजन प्रदेश में खेल संस्कृति को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है। इस आयोजन से प्रदेश के युवा खिलाड़ियों को नई प्रेरणा मिली है और भविष्य में राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करने की उम्मीदों को भी मजबूती मिली है।



