रायपुर,26 अगस्त 2026

छत्तीसगढ़ में हॉकी के क्षेत्र में एक नया इतिहास रचने की तैयारी है। खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा हॉकी इंडिया से मान्यता प्राप्त छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के पहले सीजन का आयोजन किया जा रहा है। राजधानी रायपुर के सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में होने वाली यह लीग देश के किसी भी राज्य में आयोजित होने वाली पहली राज्य स्तरीय हॉकी लीग होगी।

यह प्रतियोगिता हॉकी इंडिया लीग की तर्ज पर प्रोफेशनल और व्यावसायिक स्वरूप में आयोजित की जाएगी। लीग के मुकाबले 21 अक्टूबर से 1 नवंबर तक खेले जाने की संभावना है।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने किया लोगो, टैगलाइन और शुभंकर का अनावरण

उप मुख्यमंत्री एवं खेल तथा युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने राजधानी के नवीन विश्राम भवन में आयोजित कार्यक्रम में लीग के लोगो, टैगलाइन और आधिकारिक शुभंकर का अनावरण किया।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में हॉकी की समृद्ध परंपरा रही है और प्रदेश में बड़ी संख्या में प्रतिभाशाली खिलाड़ी मौजूद हैं। छत्तीसगढ़ हॉकी लीग युवा प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का बड़ा अवसर देगी और खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर के अनुभव तथा प्रतिस्पर्धी माहौल से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

राज्य के विभिन्न क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करेंगी छह टीमें

लीग के पहले सीजन में प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करने वाली छह टीमें मैदान में उतरेंगी। इनमें शामिल हैं—

  • राजधानी रॉयल्स
  • चित्रकूट चैलेंजर्स
  • संस्कारधानी स्ट्राइकर्स
  • चक्रधर चैंपियंस
  • न्यायधानी नाइट्स
  • मैनपाट टाइटन्स

ये टीमें छत्तीसगढ़ की क्षेत्रीय पहचान और स्थानीय खेल प्रतिभाओं को एक बड़े मंच पर लेकर आएंगी।

‘चलव रे संगी, हॉकी खेलबो’ बनी लीग की टैगलाइन

छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की टैगलाइन “चलव रे संगी, हॉकी खेलबो” रखी गई है। छत्तीसगढ़ी बोली में तैयार यह टैगलाइन अपनत्व और खेल के प्रति आमंत्रण की भावना को दर्शाती है, जिसका अर्थ है—चलो दोस्त, हॉकी खेलते हैं।

लीग का लोगो छत्तीसगढ़ के मानचित्र पर आधारित है। इसमें केसरिया और हरे रंग के माध्यम से भारतीयता की भावना को दर्शाया गया है, जबकि आगे बढ़ती नारंगी रेखा प्रदेश की निरंतर प्रगति और आगे बढ़ने की सोच का प्रतीक है।

‘बघवा’ होगा लीग का आधिकारिक शुभंकर

लीग का आधिकारिक शुभंकर “बघवा” नामक बाघ है। यह छत्तीसगढ़ के घने जंगलों और समृद्ध वन्यजीव विरासत का प्रतीक है। बघवा साहस, शक्ति और निडरता का संदेश देता है तथा खिलाड़ियों की जुझारू भावना को प्रदर्शित करता है।

शीर्ष चार टीमें पहुंचेंगी सेमीफाइनल में

प्रतियोगिता में सभी छह टीमें लीग मुकाबले खेलेंगी। अंक तालिका के आधार पर शीर्ष चार टीमें सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी। इसके बाद विजेता टीमों के बीच फाइनल मुकाबला खेला जाएगा।

प्रतियोगिता के दौरान सभी अंपायर और तकनीकी अधिकारियों की नियुक्ति हॉकी इंडिया द्वारा की जाएगी, जिससे मुकाबलों की तकनीकी गुणवत्ता और निष्पक्षता सुनिश्चित की जा सके।

दर्शकों के लिए प्रवेश रहेगा निःशुल्क

छत्तीसगढ़ हॉकी लीग को केवल खेल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं रखा जाएगा। टूर्नामेंट के दौरान प्रतिदिन विशेष मनोरंजन कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इससे दर्शकों को रोमांचक हॉकी मुकाबलों के साथ मनोरंजन का भी अनुभव मिलेगा।

खास बात यह है कि लीग के सभी मुकाबलों में दर्शकों के लिए प्रवेश पूरी तरह निःशुल्क रहेगा। इससे बड़ी संख्या में खेलप्रेमियों और युवाओं के स्टेडियम पहुंचने की उम्मीद है।

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