रायगढ़, 15 अक्टूबर 2026

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि किसानों की खुशहाली और समृद्धि राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था और संस्कृति में अन्नदाताओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। सरकार किसानों की आय बढ़ाने, सिंचाई सुविधाओं का विस्तार करने और खेती को अधिक लाभकारी बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सुशासन और विकास योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार का संकल्प है।

मुख्यमंत्री गुरुवार को रायगढ़ के शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में आयोजित कोलता समाज के नुआखाई भेंटघाट एवं प्रतिभा सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने समाज की मांगों और आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए 80 लाख रुपये के सामुदायिक भवनों के निर्माण की घोषणा की। साथ ही प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित कर युवाओं को शिक्षा और मेहनत के बल पर आगे बढ़ने का संदेश दिया।

कोलता समाज को 80 लाख रुपये के सामुदायिक भवनों की सौगात

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ग्राम कोतरलिया के चंडी डोंगरी में 30 लाख रुपये की लागत से सर्वसुविधायुक्त सामुदायिक भवन बनाने की घोषणा की। वहीं नगर पंचायत पुसौर में 50 लाख रुपये की लागत से कोलता समाज के मंगल भवन का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने बाउंड्रीवॉल निर्माण की भी घोषणा की।

मुख्यमंत्री का समाजजनों ने पारंपरिक गजमाला पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर उन्होंने मां रणेश्वरी रामचण्डी की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

नुआखाई कृषि संस्कृति और अन्नदाता के परिश्रम का पर्व : CM साय

मुख्यमंत्री ने कोलता समाज सहित प्रदेशवासियों को नुआखाई पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व नई फसल के स्वागत, किसानों के परिश्रम के सम्मान और प्रकृति के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का प्रतीक है। ऐसे त्योहार हमारी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखते हैं और नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ एक कृषि प्रधान राज्य है। सरकार का उद्देश्य किसानों को उनकी मेहनत का उचित मूल्य दिलाना, खेती की लागत कम करना, सिंचाई सुविधाएं बढ़ाना और कृषि के माध्यम से परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत करना है।

केलो परियोजना से किसानों के खेतों तक पहुंचेगा पानी

मुख्यमंत्री ने बताया कि रायगढ़ अंचल के किसानों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने के लिए केलो परियोजना का कार्य शुरू किया गया है। यह परियोजना क्षेत्र के किसानों के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। इससे खेतों तक पानी पहुंचाने, कृषि उत्पादकता बढ़ाने और किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में मदद मिलेगी।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में विकास को गति देने के लिए 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक की नई परियोजनाएं शुरू की गई हैं। सरकार का प्रयास है कि इन परियोजनाओं का लाभ किसानों, युवाओं, आम नागरिकों और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिले।

प्रधानमंत्री आवास योजना से हर जरूरतमंद का पक्का घर बनाने पर जोर

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गरीब और जरूरतमंद परिवारों के पक्के घर का सपना तेजी से साकार किया जा रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत छत्तीसगढ़ में प्रतिदिन लगभग 1,600 आवासों का निर्माण हो रहा है।

उन्होंने कहा कि पक्का घर केवल छत और चार दीवारों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह परिवार के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य का आधार है। सरकार का प्रयास है कि कोई भी पात्र जरूरतमंद परिवार आवास सुविधा से वंचित न रहे।

हेल्पलाइन और डिजिटल सेवाओं से आम लोगों को राहत

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने सुशासन, पारदर्शिता और जनसेवा को अपनी कार्यसंस्कृति का आधार बनाया है। नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए भटकना न पड़े, इसके लिए तकनीक और आधुनिक व्यवस्थाओं का उपयोग किया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि नागरिकों की शिकायतों के त्वरित और समयबद्ध निराकरण के लिए सुशासन एवं अभिसरण विभाग, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, सेवा सेतु और अटल डिजिटल सेवा केंद्र जैसी व्यवस्थाएं शुरू की गई हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि शासन की योजनाएं तभी सार्थक होती हैं, जब उनका लाभ जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर पहुंचे। सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी के अनुरूप अपने वादों को पूरा करने और विकास योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

नक्सलवाद के खिलाफ सफलता के बाद विकास पर जोर

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दृढ़ संकल्प के साथ सुरक्षा बलों के साहस तथा स्थानीय जनता के सहयोग से नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई में ऐतिहासिक सफलता मिली है।

उन्होंने कहा कि अब बस्तर सहित प्रदेश के सभी क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। हिंसा का रास्ता छोड़कर आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को समाज की मुख्यधारा में लौटने का अवसर दिया जा रहा है। उनके पुनर्वास के लिए 15 हजार आवास स्वीकृत किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल शांति स्थापित करना नहीं, बल्कि प्रभावित परिवारों को पुनर्वास, सम्मानपूर्ण जीवन और विकास के अवसर उपलब्ध कराना भी है।

प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित कर युवाओं को दिया संदेश

समारोह में मुख्यमंत्री ने समाज के प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यक्ति, परिवार और समाज की प्रगति का सबसे सशक्त माध्यम है।

साय ने युवाओं से बड़े सपने देखने, मेहनत करने और अपनी प्रतिभा के बल पर आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आज के युवा आधुनिक शिक्षा और परिश्रम के सहारे किसी भी क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकते हैं तथा अपने परिवार, समाज और छत्तीसगढ़ का नाम रोशन कर सकते हैं।

उन्होंने प्रतिभावान विद्यार्थियों को सम्मानित करने की समाज की परंपरा को सराहनीय बताते हुए कहा कि इससे बच्चों और युवाओं को बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा मिलती है।

कोलता समाज की संस्कृति और संस्कार अनुकरणीय : ओपी चौधरी

वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक ओपी चौधरी ने नुआखाई पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कोलता समाज अपनी ईमानदारी, परिश्रम, सज्जनता और संस्कारों के लिए विशेष पहचान रखता है। समाज की गौरवशाली संस्कृति और परंपराएं सभी के लिए प्रेरणास्रोत हैं।

उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी को शिक्षा, रोजगार, उद्यमिता और प्रतियोगी परीक्षाओं के क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। युवाओं को बड़े लक्ष्य निर्धारित कर उन्हें हासिल करने के लिए मेहनत करनी चाहिए।

ओपी चौधरी ने रायगढ़ क्षेत्र में विकास कार्यों के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने साकरा में लिफ्ट सिंचाई परियोजना, पुसौर और सरिया में रजिस्ट्री कार्यालय, 100 बिस्तरों के अस्पताल, नर्सिंग कॉलेज और नालंदा परिसर जैसी सुविधाओं का उल्लेख किया। उन्होंने बेलरिया में विधायक निधि से 25 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक भवन बनवाने की घोषणा भी की।

शिक्षा और संस्कार से समाज को आगे बढ़ाने का आह्वान

लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया ने कहा कि कोलता समाज सामाजिक उत्थान और सामुदायिक एकता के लिए समर्पित रहा है। उन्होंने सांस्कृतिक विरासत को सहेजते हुए विकास की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया।

राज्यसभा सांसद देवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि समाज की प्रगति में शिक्षा की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अभिभावकों को बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ अच्छे संस्कार भी देने चाहिए। उन्होंने युवाओं से माता-पिता और बुजुर्गों का सम्मान करने तथा जरूरतमंद लोगों को साथ लेकर आगे बढ़ने की अपील की।

समारोह में समाज के प्रतिभावान विद्यार्थियों का सम्मान किया गया। मुख्यमंत्री ने समाज प्रमुखों, जनप्रतिनिधियों और समाजजनों के साथ नुआखाई का पारंपरिक भोजन भी ग्रहण किया।

इस अवसर पर महापौर जीवर्धन चौहान, जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक सिदार, अरुणधर दीवान, गुरुपाल भल्ला, सुभाष पाण्डेय, श्रीकांत सोमावार, सत्यानंद राठिया, विकास केडिया सहित समाज के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Posts