नदी बचेगी तो जल बचेगा और जल बचेगा तो जीवन बचेगा: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने ‘स्रोत महोत्सव 2026’ का शुभारंभ करते हुए कहा कि नदी संरक्षण को जन आंदोलन का रूप देना होगा। प्रदेश में नदियों के संरक्षण के लिए मानचित्रण, संरक्षण, पुनर्भरण, जनभागीदारी और कार्ययोजना के पांच प्रमुख स्तंभों पर काम किया जाएगा। जल संरक्षण को बढ़ावा देने के
जल संरक्षण से ही जलापूर्ति योजनाएं रहेंगी दीर्घकाल तक सफल : उप मुख्यमंत्री अरुण साव
रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि जलापूर्ति योजनाओं के दीर्घकालीन सफल संचालन के लिए जल संरक्षण, वर्षा जल संचय और भूजल रिचार्ज को प्राथमिकता देना जरूरी है।
‘मन की बात’ में गूंजा कोरबा का जल संरक्षण मॉडल, प्रधानमंत्री मोदी ने ‘कैच द रेन’ अभियान की सराहना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'मन की बात' के 136वें एपिसोड में कोरबा नगर निगम के 'कैच द रेन' अभियान और जल संरक्षण मॉडल की सराहना की। वर्षा जल संचयन, रिचार्ज वेल और जनभागीदारी आधारित पहल को राष्ट्रीय स्तर पर प्रेरणादायक बताया गया।
‘मन की बात’ में छत्तीसगढ़ का बार-बार उल्लेख प्रदेश के लिए गौरव: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम की 136वीं कड़ी सुनने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ का लगातार उल्लेख प्रदेशवासियों के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कोरबा के जल संरक्षण कार्यों, ‘हर घर तिरंगा’, ‘वोकल फॉर लोकल’ और पर्यावरण संरक्षण के संदेश
महासमुंद में किसानों का बढ़ा रुझान, धान छोड़ मूंगफली की खेती से बढ़ रही आमदनी
महासमुंद जिले में धान के स्थान पर मूंगफली जैसी वैकल्पिक फसलों को अपनाने से किसानों की आमदनी बढ़ रही है। कृषि विभाग के प्रोत्साहन से करीब 1,000 हेक्टेयर में मूंगफली की खेती की जा रही है, जिससे जल संरक्षण, फसल विविधीकरण और लागत में कमी जैसे सकारात्मक परिणाम सामने आ
‘मोर गांव-मोर पानी’ महाअभियान बना जनआंदोलन, बालोद में 2.85 लाख जल संरक्षण संरचनाएं तैयार; 19.23 लाख घनमीटर बढ़ी जल संचयन क्षमता
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संचालित 'मोर गांव-मोर पानी' महाअभियान के तहत बालोद जिले में 2.85 लाख जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण हुआ है। इससे 19.23 लाख घनमीटर अतिरिक्त जल संचयन क्षमता विकसित होने के साथ भू-जल संवर्धन और ग्रामीण विकास को नई गति मिली है।
प्रदेश में जल संरक्षण बना जनआंदोलन: सीएम विष्णु देव साय के नेतृत्व में ‘मोर गांव-मोर पानी’ अभियान को मिली नई गति
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में ‘मोर गांव-मोर पानी’ अभियान के तहत जल संरक्षण को जनआंदोलन का रूप दिया जा रहा है। एमसीबी जिले में 52 एकड़ में समेकित जल संरक्षण मॉडल विकसित किया जा रहा है, जिससे लगभग 200 लाख लीटर भू-जल रिचार्ज क्षमता तैयार हुई
NGT की सख्ती: रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में खेल गतिविधियों पर अंतरिम रोक
राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) ने भूजल उपयोग और जल संरक्षण नियमों की अनदेखी पर रायपुर समेत तीन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियमों में खेल गतिविधियों पर अंतरिम रोक लगा दी है। अब NGT की अनुमति के बिना यहां कोई खेल आयोजन नहीं होगा।
गांवों में विकास की नई शुरुआत: VB जी राम जी योजना लागू, 125 दिन रोजगार और 4000 करोड़ का बजट
रायपुर, 01 जुलाई 2026/ देशभर में 1 जुलाई 2026 से विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) योजना लागू हो रही है। यह योजना ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार, आजीविका संवर्धन और आधारभूत विकास को नई गति देने के उद्देश्य से प्रारंभ की जा रही है। इस योजना का उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र
510 करोड़ के विकास कार्य, किसानों के लिए नई घोषणा: राजनांदगांव पहुंचे CM साय, जल संरक्षण मॉडल की जमकर सराहना
रायपुर, 23 जून 2026 किसानों की समृद्धि, गांवों का विकास और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी संकल्प के साथ राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी को धरातल पर उतारते हुए प्रदेश में विकास और सुशासन के नए अध्याय लिख रही है।



