रोम, 30 जून 2026
यूरोप इन दिनों रिकॉर्ड तोड़ हीटवेव (लू) की चपेट में है। पिछले एक सप्ताह से जारी भीषण गर्मी ने पूरे महाद्वीप में जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। कई देशों में सैकड़ों लोगों की मौत हुई है, जबकि बढ़ते तापमान के कारण जंगलों में आग लगने की घटनाओं में भी तेजी आई है।
मौसम वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि अगले सप्ताह की शुरुआत से फ्रांस, स्पेन, जर्मनी और अन्य देशों में तापमान और बढ़ सकता है। इटली के 22 शहरों में रेड हीट वॉर्निंग जारी की गई है। उत्तरी शहर बोलजानो से लेकर सिसिली के पलेर्मो तक लोगों को अत्यधिक गर्मी से सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
भीषण गर्मी का असर अब बुनियादी ढांचे पर भी दिखाई देने लगा है। जर्मनी में कई स्थानों पर सड़कों का डामर नरम पड़ गया, जिससे सड़कें उभरने और टूटने लगीं। वहीं ट्राम और रेल ट्रैक भी गर्मी के कारण टेढ़े होने की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे परिवहन सेवाएं प्रभावित हुई हैं। सोशल मीडिया पर ट्रैफिक सिग्नलों के पिघलने या उनके प्लास्टिक हिस्सों के विकृत होने के वीडियो भी वायरल हो रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ती हीटवेव और जलवायु परिवर्तन के कारण यूरोप में इस तरह की चरम गर्मी की घटनाएं पहले की तुलना में अधिक गंभीर होती जा रही हैं। कई देशों में लोगों को दिन के सबसे गर्म समय में घरों के भीतर रहने, पर्याप्त पानी पीने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
