पुणे, 29 जून 2026
केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच के मुताबिक, आरोपी सिया गोयल ने शादी की तैयारियों के नाम पर केतन अग्रवाल से 1 करोड़ रुपये लिए और यह रकम अपने प्रेमी चेतन चौधरी को उसके कारोबार और करियर के लिए दे दी।
जांच एजेंसियों का दावा है कि सिया और चेतन ने मिलकर हत्या की पूरी साजिश पहले से तैयार की थी। पुलिस के अनुसार, 18 जून को दोनों ने योजना के तहत लोहागढ़ किले पर केतन की हत्या को अंजाम दिया।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि हत्या के बाद शक से बचने के लिए दोनों ने तीन साल तक शादी नहीं करने की योजना बनाई थी। इस दौरान चेतन आर्थिक रूप से मजबूत होता और मामला शांत पड़ने के बाद दोनों विवाह करने वाले थे।
मामले में कैब चालक वैभव जाधव ने भी महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उसके अनुसार, बाली प्री-वेडिंग ट्रिप पर रवाना होने से पहले सिया कार में बैठने को तैयार नहीं थी और उसके भाई ने उसे जबरन कैब में बैठाया। बाद में सिया ने कथित तौर पर केतन का पासपोर्ट छिपा दिया, जिससे बाली यात्रा रद्द हो गई।
पुलिस के मुताबिक, हत्या के दौरान दोनों ने सीक्रेट सिग्नल भी तय किया था। योजना के अनुसार, सिया को पानी पीने या जूते के फीते बांधने के बहाने नीचे बैठना था, जो चेतन के लिए हमला करने का संकेत था। ऐसा इसलिए किया गया ताकि धक्का देते समय सिया सुरक्षित दूरी पर रहे।
कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) से यह भी पता चला है कि हत्या से करीब 34 मिनट पहले सिया ने चेतन से सीक्रेट कॉल पर बातचीत की थी। जांच में यह भी सामने आया कि 14 जून को भी केतन को खाई में धकेलने की कोशिश की गई थी, लेकिन वह झाड़ी पकड़कर बच गया था। इसके बाद सिया ने घटना को सांप दिखने से हुआ हादसा बताने की कोशिश की थी।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और अब तक सामने आए साक्ष्य इस ओर इशारा करते हैं कि हत्या की पूरी साजिश पहले से सुनियोजित तरीके से रची गई थी।
