पश्चिम बंगाल , 8 जून 2026
पश्चिम बंगाल की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। दावा किया जा रहा है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) के 28 लोकसभा सांसदों में से 20 सांसदों ने NDA सरकार को समर्थन देने का फैसला किया है। बागी सांसदों ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को इसकी जानकारी देते हुए अलग संसदीय गुट के रूप में मान्यता देने की मांग की है।
बताया गया कि TMC सांसद शताब्दी रॉय के आवास पर बागी सांसदों की बैठक हुई, जिसमें कई सांसद शामिल हुए। इस दौरान पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी भी सांसदों से मिलने पहुंचे। इससे पहले कुछ सांसदों ने केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव से भी मुलाकात की थी।
काकोली घोष दस्तीदार ने दावा किया कि सांसदों ने जनता के जनादेश के अनुरूप NDA का समर्थन करने का निर्णय लिया है। वहीं, पार्टी की वरिष्ठ नेता महुआ मोइत्रा ने बागी सांसदों पर निशाना साधते हुए इसे जनादेश के साथ विश्वासघात बताया।
दूसरी ओर, TMC सांसद कीर्ति आजाद ने पूरे घटनाक्रम को भाजपा द्वारा फैलाया गया भ्रम बताया और कहा कि केंद्रीय एजेंसियों के दबाव में नेताओं को तोड़ा जा रहा है।
इससे पहले पार्टी के वरिष्ठ नेता सुखेंदु शेखर रे ने राज्यसभा सदस्यता और पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने पार्टी नेतृत्व पर गंभीर सवाल उठाते हुए ममता बनर्जी के नेतृत्व की आलोचना की थी।
यदि 20 सांसदों का समर्थन NDA को मिलता है, तो लोकसभा में गठबंधन की संख्या और मजबूत होगी, जिससे महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित कराने में सरकार को अतिरिक्त मदद मिल सकती है।
