वर्दी का सफर हुआ पूरा: बस्तर पुलिस के तीन जांबाज अधिकारियों को सम्मान के साथ दी गई विदाई

करीब चार दशक तक निभाई कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी, पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा ने शाल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह देकर किया सम्मानित

जगदलपुर, 1 जुलाई। बस्तर पुलिस के लिए मंगलवार का दिन भावनात्मक रहा। लगभग चार दशक तक वर्दी पहनकर समाज की सुरक्षा और कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी निभाने वाले तीन वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने अपने सेवाकाल की अंतिम सलामी ली। अधिवर्षिता आयु पूर्ण होने पर निरीक्षक, उप निरीक्षक और सहायक उप निरीक्षक के पद पर कार्यरत तीन अधिकारियों को पुलिस विभाग ने सम्मानपूर्वक विदाई दी।

पुलिस कार्यालय में आयोजित गरिमामय समारोह में पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा ने सेवानिवृत्त अधिकारियों को शाल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक माहेश्वर नाग, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अर्जुन कुर्रे, नगर पुलिस अधीक्षक सुमित धोत्रे, उप पुलिस अधीक्षक सुसंता लकड़ा, उप पुलिस अधीक्षक जयराम चेरमाको, रक्षित निरीक्षक अभिजीत सिंह भदौरिया सहित जिले के वरिष्ठ अधिकारी, थाना प्रभारी और बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।

तीनों अधिकारियों ने छोड़ी सेवा की अमिट छाप

सेवानिवृत्त होने वालों में निरीक्षक सुखराम पंथ, उप निरीक्षक मुन्ना राम भारद्वाज और सहायक उप निरीक्षक परसादी सिंह राज शामिल हैं। तीनों अधिकारियों ने अपने लंबे सेवाकाल में बस्तर संभाग के कई संवेदनशील जिलों में कार्य करते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिसिंग को मजबूत करने और आम जनता के बीच विश्वास कायम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

38 वर्षों तक निभाई जिम्मेदारी

निरीक्षक सुखराम पंथ ने 15 जुलाई 1987 को आरक्षक के रूप में पुलिस सेवा शुरू की थी। मेहनत और उत्कृष्ट कार्यशैली के दम पर वे निरीक्षक के पद तक पहुंचे। लगभग 39 वर्ष के सेवाकाल में उन्होंने बस्तर, बीजापुर, कांकेर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर और एनआईए रायपुर में सेवाएं दीं। उन्हें उत्कृष्ट कार्यों के लिए 25 नगद पुरस्कार और 67 प्रशंसा पत्र प्राप्त हुए।

120 नगद पुरस्कारों से सम्मानित रहे मुन्ना राम भारद्वाज

उप निरीक्षक मुन्ना राम भारद्वाज ने 4 सितंबर 1990 को पुलिस सेवा में प्रवेश किया था। करीब 36 वर्षों तक उन्होंने विभिन्न जिम्मेदारियां निभाईं। अपने सेवाकाल में उन्हें 120 नगद पुरस्कार और 56 प्रशंसा पत्र मिले। उन्होंने जिला बस्तर, दंतेवाड़ा, जिविशा जगदलपुर तथा पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय बस्तर रेंज में सेवाएं दीं।

सराहनीय सेवाओं के लिए मिले 85 प्रशंसा पत्र

सहायक उप निरीक्षक परसादी सिंह राज ने 20 जुलाई 1987 को आरक्षक के रूप में नौकरी शुरू की थी। करीब 39 वर्षों की सेवा में उन्होंने जिला बस्तर, रक्षित केंद्र, नगरनार, जगदलपुर और केशकाल जैसे महत्वपूर्ण स्थानों पर अपनी जिम्मेदारियां निभाईं। उन्हें 30 नगद पुरस्कार और 85 प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया जा चुका है।

पुलिस अधीक्षक ने किया सम्मान, दी शुभकामनाएं

समारोह में पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा ने कहा कि तीनों अधिकारियों ने अपने पूरे सेवाकाल में अनुशासन, ईमानदारी और समर्पण के साथ कर्तव्यों का निर्वहन किया। उनके अनुभव, कार्यशैली और सेवा भावना से नई पीढ़ी के पुलिसकर्मियों को हमेशा प्रेरणा मिलती रहेगी। उन्होंने कहा कि विभाग इनकी सेवाओं को हमेशा सम्मान के साथ याद रखेगा।

समारोह के अंत में सभी अधिकारियों और कर्मचारियों ने तीनों सेवानिवृत्त अधिकारियों का तालियों की गड़गड़ाहट के बीच अभिनंदन किया और उनके स्वस्थ, सुखद एवं समृद्ध सेवानिवृत्त जीवन की कामना करते हुए भावभीनी विदाई दी।

administrator

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *